क्या आपके फोन पर भी सुबह-सुबह शेयर मार्केट की गिरावट का रेड अलर्ट आया है? अगर हाँ, तो आप अकेले नहीं हैं! शुक्रवार को शानदार तेजी दिखाने के बाद, आज सोमवार सुबह ही BSE Sensex अचानक 600 से ज्यादा अंक टूटकर 77,000 के नीचे चला गया। निफ्टी भी धड़ाम से 24,100 के स्तर से नीचे फिसल गया है। आखिर हंसते-खेलते शेयर बाजार को अचानक किसकी नजर लग गई? आइए चाय की चुस्की के साथ बिल्कुल आसान शब्दों में समझते हैं।
1. पश्चिम एशिया में बढ़ता तनाव और ईरान की बड़ी धमकी
आपको ये जानकर हैरानी होगी कि हमारे BSE Sensex बाजार की इस गिरावट का कनेक्शन सीधे मिडिल ईस्ट (West Asia) से जुड़ा है। वीकेंड पर अमेरिका और ईरान के बीच फ्रेश मिलिट्री स्ट्राइक्स ने तनाव को सातवें आसमान पर पहुंचा दिया है। रही-सही कसर ईरान के उस बयान ने पूरी कर दी, जिसमें उसने ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ (Strait of Hormuz) को बंद करने की धमकी दी है। जब-जब दुनिया में युद्ध के बादल मंडराते हैं, ग्लोबल इन्वेस्टर्स सबसे पहले अपना पैसा सुरक्षित करने के लिए बिकवाली शुरू कर देते हैं।
2. क्रूड ऑयल (कच्चा तेल) की कीमतों में लगी आग
अब आप सोचेंगे कि वहां की लड़ाई से हमारे BSE Sensex शेयर मार्केट का क्या लेना-देना? सीधा लेना-देना है बॉस! ईरान की धमकी के तुरंत बाद ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमतें अचानक 4% से ज्यादा उछलकर $79 के पार पहुंच गई हैं। भारत अपनी जरूरत का 80% से ज्यादा कच्चा तेल बाहर से खरीदता है। तेल महंगा होने का सीधा मतलब है देश में महंगाई बढ़ना और कंपनियों का मुनाफा घटना। जैसे ही पेट्रोल-डीजल महंगा होने की आशंका बढ़ती है, रिलायंस जैसी बड़ी कंपनियों के शेयरों पर दबाव आ जाता है।
3. विदेशी निवेशकों (FIIs) की ताबड़तोड़ बिकवाली
हमारे शर्मा जी हों या वर्मा जी, पिछले कुछ महीनों से हर कोई म्यूचुअल फंड और SIP के जरिए बाजार में पैसा लगा रहा है। लेकिन जब ग्लोबल मार्केट (जैसे एशियाई बाजारों) में हाहाकार मचता है, तो बड़े विदेशी संस्थागत निवेशक (FIIs) भारतीय बाजार से अपना मुनाफा वसूल कर पैसा निकालने लगते हैं। आज सुबह भी कुछ ऐसा ही देखने को मिल रहा है, जिससे बाजार में चौतरफा बिकवाली आ गई है।
तो दोस्तों, BSE Sensex कहानी सीधी सी है। आज की यह गिरावट घरेलू कमजोरी की वजह से नहीं, बल्कि ग्लोबल टेंशन और कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों का नतीजा है। ऐसे में पैनिक होकर अपने अच्छे शेयर्स को घाटे में बेचने की गलती बिल्कुल न करें। याद रखिए, मार्केट में ऐसी उथल-पुथल शॉर्ट-टर्म के लिए होती है।
क्या आपको लगता है कि इस गिरावट के बाद BSE Sensex में पैसा लगाने का यह सही मौका है, या अभी थोड़ा और इंतजार करना चाहिए? नीचे कमेंट करके अपनी राय जरूर बताएं और इस अपडेट को अपने ट्रेडर दोस्तों के साथ तुरंत शेयर करें!
